
राघव चड्ढा NEET पेपर लीक पर बोले
राघव चड्ढा ने आखिरकार तोड़ी चुप्पी, NEET पेपर लीक पर बोले- ‘मुझे सुर्खियों की जरूरत नहीं’
नीट पेपर लीक मामले पर लंबे समय से चुप्पी साधे बैठे राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने आखिरकार गुरुवार को संसद में इस मुद्दे पर अपनी बात रखी। मानसून सत्र के दौरान राज्यसभा में परीक्षा सुधार से जुड़े विधेयक पर बहस के दौरान उन्होंने साफ किया कि इतने गंभीर मुद्दे पर चुप रहना उनकी मजबूरी नहीं, बल्कि सोची-समझी रणनीति थी, क्योंकि उनका मानना है कि ऐसे मामलों में मीडिया बयानबाजी से ज्यादा जरूरी संस्थागत समाधान होता है।
चुप्पी को लेकर क्या सफाई दी
चड्ढा ने कहा कि जब वे विपक्ष में थे, तब सरकार से सवाल पूछना उनकी जिम्मेदारी थी, और उन्होंने ईमानदारी से यह भूमिका निभाई भी। लेकिन अब सत्तापक्ष की बेंच पर आने के बाद उनकी भूमिका बदल गई है, और अब उनका काम सवाल उठाना नहीं बल्कि समाधान देना है। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें व्यक्तिगत सुर्खियां बटोरने में कोई दिलचस्पी नहीं है, बल्कि उनका फोकस इस बात पर है कि छात्रों को असल में राहत कैसे मिले।
छात्रों के गुस्से को बताया जायज
अपने भाषण में चड्ढा ने नीट पेपर लीक से प्रभावित छात्रों के गुस्से और चिंता को पूरी तरह जायज ठहराया। उन्होंने याद दिलाया कि किस तरह छात्र कोटा और दिल्ली जैसे शहरों में जाकर अपनी सामाजिक और पारिवारिक जिंदगी तक कुर्बान कर देते हैं, और उनके माता-पिता कोचिंग की भारी फीस भरने के लिए आर्थिक त्याग करते हैं, सिर्फ इस उम्मीद में कि उनका बच्चा परीक्षा में सफल हो जाए। उनका कहना था कि जब छात्रों ने अपनी बात रखी, तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक अभिभावक की तरह उनकी सुनवाई की और सिस्टम में बदलाव किया।
नई व्यवस्था को लेकर क्या ऐलान किया
चड्ढा ने बताया कि सरकार ने पहली बार पेपर लीक से निपटने के लिए एक व्यापक ढांचा तैयार किया है, और परीक्षा अनुचित साधन रोकथाम संशोधन विधेयक 2026 के पारित होने के साथ ही देश में पहला औपचारिक एंटी-पेपर-लीक फ्रेमवर्क लागू हो जाएगा। उन्होंने यह भी घोषणा की कि आने वाले समय में नीट परीक्षा ओएमआर शीट की बजाय पूरी तरह कंप्यूटर आधारित प्रणाली से आयोजित की जाएगी। साथ ही उन्होंने बताया कि नीट पेपर लीक मामले की जांच तेजी से पूरी की गई, और महज 75 दिनों के भीतर फास्ट-ट्रैक कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी गई।
पुरानी पार्टी आम आदमी पार्टी पर साधा निशाना
अपने भाषण में चड्ढा ने अपनी पुरानी पार्टी आम आदमी पार्टी पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि 19 जुलाई को हुई पंजाब फार्मेसी ऑफिसर भर्ती परीक्षा में गंभीर गड़बड़ियां सामने आई हैं, जिसमें उम्मीदवारों को ब्लूटूथ डिवाइस के जरिए लाइव नकल कराई गई। उनका दावा है कि इसके लिए संगठित गिरोह उम्मीदवारों से 13 लाख रुपये तक वसूल रहे थे। चड्ढा ने यह भी कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार बनने के बाद से पंजाब में कई भर्ती परीक्षाओं में इस तरह की अनियमितताएं सामने आती रही हैं।
कांग्रेस शासित कर्नाटक पर भी उठाए सवाल
आम आदमी पार्टी के अलावा चड्ढा ने कांग्रेस शासित कर्नाटक सरकार को भी निशाने पर लिया। उन्होंने इस साल की शुरुआत में हुए कथित एसएसएलसी परीक्षा पेपर लीक मामले का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर भी परीक्षा प्रणाली की सुरक्षा को लेकर गंभीरता की कमी का आरोप लगाया। इस तरह चड्ढा ने अपने भाषण के जरिए विपक्ष शासित राज्यों में हो रही परीक्षा अनियमितताओं और केंद्र सरकार के सुधारों के बीच स्पष्ट अंतर दिखाने की कोशिश की।
इसे भी पढ़ें:-प्रियंका गांधी गौमूत्र एक्सपर्ट विवाद पर बवाल: संजय निरुपम बोले- माफी मांगें, जानें पूरा मामला
विधेयक को लेकर क्या अपील की
अपने भाषण के अंत में राघव चड्ढा ने सभी दलों से इस विधेयक का समर्थन करने की अपील की, ताकि परीक्षा प्रणाली में छात्रों का भरोसा फिर से बहाल किया जा सके। उन्होंने इसे हर उस युवा भारतीय की आवाज बताया जो यह मानता है कि ईमानदार मेहनत को ईमानदार मौका मिलना चाहिए। विधेयक पारित होने के साथ ही अब देखना यह होगा कि जमीनी स्तर पर इसका असर कितनी तेजी से और कितनी प्रभावी ढंग से दिखता है, क्योंकि छात्रों और अभिभावकों की उम्मीदें इस नई व्यवस्था से काफी ऊंची हैं।
Q1. राघव चड्ढा ने NEET पेपर लीक पर क्या कहा?
उत्तर: राघव चड्ढा ने कहा कि उन्हें व्यक्तिगत सुर्खियां नहीं चाहिए, उनका उद्देश्य परीक्षा प्रणाली में सुधार और छात्रों को न्याय दिलाना है
Q2. राघव चड्ढा ने पहले चुप्पी क्यों साधी थी?
उत्तर: उनका कहना है कि मीडिया में बयान देने से ज्यादा जरूरी संस्थागत समाधान तैयार करना था
Q3. सरकार ने NEET परीक्षा को लेकर क्या बड़ा फैसला बताया?
उत्तर: सरकार ने भविष्य में NEET परीक्षा को पूरी तरह कंप्यूटर आधारित प्रणाली से कराने की घोषणा की है
Q4. एंटी पेपर लीक फ्रेमवर्क क्या है?
उत्तर: यह परीक्षा में पेपर लीक और अन्य गड़बड़ियों को रोकने के लिए तैयार किया गया नया कानूनी ढांचा है
Q5. राघव चड्ढा ने छात्रों के बारे में क्या कहा?
उत्तर: उन्होंने कहा कि छात्रों और उनके परिवारों की मेहनत तथा त्याग का सम्मान होना चाहिए और उन्हें निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली मिलनी चाहिए